सड़क पर बिखरी पड़ी थीं लाशें, मंजर देख सिहर उठे लोग ; 12 की मौत

बागपत सड़क हादसे में पिकअप दुर्घटना, अस्पताल में घायल श्रद्धालु और रिपोर्टर दुर्गा प्रसाद शुक्ला

सुनने के लिए यहां क्लिक करें

दुर्गा प्रसाद शुक्ला की रिपोर्ट

बागपत। ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर देर रात हुए भीषण बागपत सड़क हादसे ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। राजस्थान से बदायूं लौट रहे श्रद्धालुओं से भरी एक पिकअप गाड़ी बड़ागांव कट के पास अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई और पलट गई। हादसा इतना भयावह था कि दुर्घटना के बाद सड़क पर कई लोग घायल अवस्था में पड़े मिले। घटनास्थल का मंजर देखकर वहां पहुंचे लोगों के रोंगटे खड़े हो गए।

प्रशासन के अनुसार, इस दर्दनाक हादसे में अब तक 12 श्रद्धालुओं की मौत हो चुकी है। इनमें चार लोगों ने दुर्घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया, जबकि आठ घायलों की अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। हादसे में करीब 12 लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। घायलों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।

राजस्थान से बदायूं लौट रहे थे श्रद्धालु

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक पिकअप वाहन में लगभग 32 लोग सवार थे। सभी लोग राजस्थान के बांगर क्षेत्र से लौटकर बदायूं की ओर जा रहे थे। रात के समय ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर बड़ागांव कट के समीप अचानक वाहन हादसे का शिकार हो गया।

टक्कर के बाद वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त होकर पलट गया। दुर्घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोगों और राहगीरों ने पुलिस को घटना की सूचना दी। देखते ही देखते एक्सप्रेसवे पर बचाव एवं राहत कार्य शुरू कर दिया गया।

आधी रात के बाद मिली हादसे की सूचना

बागपत के पुलिस अधीक्षक सूरज कुमार राय के मुताबिक पुलिस को दुर्घटना की सूचना रात करीब 12:30 बजे 112 आपातकालीन सेवा के माध्यम से मिली। सूचना मिलते ही पुलिस ने बिना देर किए राहत एवं बचाव दल को मौके पर भेजा।

See also  ससुर की पैतृक भूमि पर कब्जे का आरोप, महिला ने मंडलायुक्त से लगाई न्याय की गुहार

पुलिस के अनुसार, हादसे की गंभीरता को देखते हुए चार पुलिस रिस्पॉन्स व्हीकल यानी PRV यूनिट को घटनास्थल की ओर रवाना किया गया। इसके साथ ही एंबुलेंस और स्थानीय पुलिसकर्मी भी मौके पर पहुंचे। दुर्घटनाग्रस्त वाहन में फंसे और घायल यात्रियों को बाहर निकालने का काम शुरू किया गया।

चार की मौके पर मौत, आठ ने अस्पताल में तोड़ा दम

प्रशासन की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार चार श्रद्धालुओं की मौत घटनास्थल पर ही हो गई थी। वहीं गंभीर रूप से घायल आठ अन्य लोगों ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस तरह मृतकों की संख्या बढ़कर 12 हो गई।

हादसे में घायल लोगों को तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों में पहुंचाया गया। कई घायलों की स्थिति गंभीर होने के कारण उन्हें बेहतर चिकित्सा सुविधा के लिए उच्च चिकित्सा केंद्रों में रेफर किया गया।

बागपत की जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने भी हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि दुर्घटना में वाहन पलटने के कारण बड़ी संख्या में लोग घायल हुए। प्रशासन और पुलिस की टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर घायलों को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की।

अस्पतालों में मची अफरा-तफरी

रात के समय अचानक बड़ी संख्या में घायलों के अस्पताल पहुंचने से स्वास्थ्य केंद्रों में भी अफरा-तफरी का माहौल बन गया। चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों ने घायलों का उपचार शुरू किया। गंभीर रूप से घायल यात्रियों को उनकी हालत के अनुसार उच्च चिकित्सा संस्थानों में भेजा गया।

घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासनिक अधिकारी भी सक्रिय हो गए। मृतकों की पहचान और उनके परिजनों को हादसे की सूचना देने की प्रक्रिया शुरू की गई। पुलिस प्रशासन की ओर से परिवारों से संपर्क करने का प्रयास किया जा रहा है।

See also  केंद्रीय राज्य मंत्री के नाम का कथित दुरुपयोग, फर्जी पद बताकर वर्षों तक सरकारी प्रोटोकॉल लेने के आरोप में केस दर्ज

घटनास्थल का मंजर देख कांप उठे लोग

बागपत सड़क हादसा इतना गंभीर था कि दुर्घटनास्थल पर पहुंचने वाले लोगों के लिए वहां का दृश्य बेहद विचलित करने वाला था। पलटी हुई पिकअप गाड़ी के आसपास घायल यात्री मदद के लिए कराह रहे थे। सड़क पर पड़े सामान और घायलों को देखकर वहां मौजूद लोग भी सहम गए।

पुलिस और राहतकर्मियों ने स्थिति संभालते हुए घायलों को एक-एक कर वाहन से बाहर निकाला। एक्सप्रेसवे पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। राहत कार्य पूरा होने के बाद दुर्घटनाग्रस्त वाहन को हटाने की कार्रवाई की गई।

32 यात्रियों से भरा था वाहन

पुलिस अधीक्षक के अनुसार वाहन में करीब 32 लोग सवार थे। इतने लोगों का एक छोटे वाहन में सफर करना भी दुर्घटना की गंभीरता को बढ़ाने वाला एक महत्वपूर्ण पहलू माना जा रहा है। हालांकि हादसा आखिर किन परिस्थितियों में हुआ, इसकी स्पष्ट जानकारी जांच के बाद ही सामने आएगी।

पुलिस दुर्घटना के कारणों का पता लगाने में जुटी है। यह भी जांच की जा रही है कि वाहन की गति कितनी थी, चालक का नियंत्रण किस वजह से बिगड़ा और डिवाइडर से टकराने के बाद वाहन किस तरह पलटा।

परिवारों तक पहुंचाई जा रही सूचना

हादसे के बाद सबसे बड़ी चुनौती मृतकों और घायलों की पहचान कर उनके परिजनों तक सूचना पहुंचाना है। पुलिस प्रशासन की ओर से मृतकों के परिवारों को जानकारी देने का प्रयास किया जा रहा है। अस्पतालों में भर्ती घायलों के बारे में भी उनके परिजनों को सूचित किया जा रहा है।

See also  राष्ट्रीय रामायण मेला परिसर में होगा भव्य आयोजन, देशभर से पहुंचेगा श्रद्धालुओं का कारवां

हादसे की सूचना मिलने के बाद उन परिवारों में भी चिंता बढ़ गई, जिनके सदस्य राजस्थान से बदायूं लौट रहे थे। जैसे-जैसे दुर्घटना में लोगों के हताहत होने की जानकारी सामने आई, परिजनों की बेचैनी बढ़ती गई।

जांच के बाद सामने आएगी हादसे की पूरी वजह

फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता घायलों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराना और मृतकों की पहचान की प्रक्रिया पूरी करना है। पुलिस हादसे की परिस्थितियों की जांच कर रही है। दुर्घटना का वास्तविक कारण जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे जैसे तेज रफ्तार मार्ग पर रात के समय वाहन चलाते समय अतिरिक्त सावधानी बेहद जरूरी है। बागपत सड़क हादसा एक बार फिर इस बात की गंभीर याद दिलाता है कि थोड़ी सी लापरवाही कितने परिवारों को जीवनभर का दर्द दे सकती है।

इस दर्दनाक दुर्घटना में 12 श्रद्धालुओं की मौत ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है, जबकि गंभीर रूप से घायल लोगों के परिजन उनके जल्द स्वस्थ होने की उम्मीद लगाए अस्पतालों के चक्कर काट रहे हैं। प्रशासन की ओर से राहत और उपचार संबंधी कार्रवाई जारी है।

यायावर
Author: यायावर

यायावर

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Read More

Cricket Live Score

Rashifal

और पढ़ें