भाटपार रानी में तकनीकी शिक्षा की अलख, पॉलिटेक्निक, फार्मेसी और नर्सिंग कॉलेज स्थापना तक जारी रहेगा संघर्ष: केशवचन्द यादव

युवा कांग्रेस नेता केशवचन्द यादव तकनीकी शिक्षा संस्थानों की स्थापना पर संबोधित करते हुए, साथ में रिपोर्टर इरफान अली लारी की तस्वीर और शैक्षणिक संस्थान का प्रतीकात्मक दृश्य।

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इरफान अली लारी की रिपोर्ट

भाटपार रानी (देवरिया)भाटपार रानी विधानसभा क्षेत्र में तकनीकी और रोजगारपरक शिक्षा संस्थानों की स्थापना को लेकर युवा कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं निवर्तमान प्रदेश उपाध्यक्ष केशवचन्द यादव ने एक बार फिर अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के समग्र विकास, युवाओं के भविष्य और रोजगार के बेहतर अवसरों के लिए पॉलिटेक्निक, फार्मेसी तथा नर्सिंग कॉलेज जैसे संस्थानों की स्थापना अत्यंत आवश्यक है। जब तक इन संस्थानों की स्थापना नहीं हो जाती, तब तक उनका संघर्ष और प्रयास निरंतर जारी रहेगा।

पत्रकारों से बातचीत करते हुए केशवचन्द यादव ने कहा कि किसी भी क्षेत्र के विकास का सबसे मजबूत आधार शिक्षा होती है, और वर्तमान समय में तकनीकी शिक्षा विकास और आत्मनिर्भरता की सबसे बड़ी कुंजी बन चुकी है। दुर्भाग्यवश भाटपार रानी विधानसभा क्षेत्र आज भी ऐसे रोजगारपरक शैक्षणिक संस्थानों से वंचित है, जिसके कारण यहां के हजारों छात्र-छात्राओं को उच्च तकनीकी शिक्षा प्राप्त करने के लिए दूर-दराज के शहरों का रुख करना पड़ता है।

तकनीकी शिक्षा के अभाव में पिछड़ रहे ग्रामीण युवा

उन्होंने कहा कि भाटपार रानी और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। यहां के युवा मेहनती और योग्य हैं, लेकिन संसाधनों की कमी तथा तकनीकी शिक्षण संस्थानों के अभाव में उन्हें अपनी क्षमता के अनुरूप अवसर नहीं मिल पाते। विशेष रूप से मध्यम और निम्न आय वर्ग के परिवारों के बच्चे आर्थिक बाधाओं के कारण अपने सपनों को पूरा नहीं कर पाते।

केशवचन्द यादव ने कहा कि कई छात्र पॉलिटेक्निक, फार्मेसी और नर्सिंग जैसे कोर्सों में प्रवेश लेने की इच्छा रखते हैं, लेकिन जब उन्हें दूसरे शहरों में जाकर पढ़ाई करनी पड़ती है तो फीस के अतिरिक्त रहने, खाने और अन्य खर्चों का बोझ परिवारों के लिए असहनीय हो जाता है। परिणामस्वरूप बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं तकनीकी शिक्षा से वंचित रह जाते हैं।

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स्थानीय संस्थान बनने से बदलेगी क्षेत्र की तस्वीर

उन्होंने कहा कि यदि भाटपार रानी में ही तकनीकी शिक्षण संस्थानों की स्थापना हो जाए तो इसका सीधा लाभ क्षेत्र के हजारों युवाओं को मिलेगा। उन्हें कम खर्च में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध होगी और पढ़ाई पूरी करने के बाद रोजगार प्राप्त करने के अवसर भी बढ़ेंगे।

उनका मानना है कि स्थानीय स्तर पर पॉलिटेक्निक, फार्मेसी और नर्सिंग कॉलेज स्थापित होने से न केवल युवाओं का भविष्य संवर जाएगा, बल्कि क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। इससे आसपास के बाजारों, परिवहन सेवाओं और अन्य व्यावसायिक क्षेत्रों में भी विकास की संभावनाएं बढ़ेंगी।

रोजगार ही विकास का सबसे बड़ा आधार

केशवचन्द यादव ने कहा कि किसी भी समाज और क्षेत्र की प्रगति का सबसे महत्वपूर्ण मापदंड रोजगार होता है। जब युवाओं को गुणवत्तापूर्ण और रोजगारपरक शिक्षा मिलेगी तो वे आत्मनिर्भर बनेंगे, परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और क्षेत्र के विकास में उनकी सक्रिय भागीदारी बढ़ेगी।

उन्होंने कहा कि आज देश और प्रदेश में तकनीकी शिक्षा का महत्व लगातार बढ़ रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के साथ नर्सिंग और फार्मेसी क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं, जबकि औद्योगिक और तकनीकी क्षेत्रों में पॉलिटेक्निक डिप्लोमा धारकों की मांग लगातार बढ़ रही है। ऐसे में भाटपार रानी के युवाओं को इन अवसरों से जोड़ना समय की आवश्यकता है।

लड़कियों की शिक्षा को मिलेगा नया अवसर

पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने विशेष रूप से क्षेत्र की छात्राओं की शिक्षा का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि कई परिवार अपनी बेटियों को दूर शहरों में भेजने में असहज महसूस करते हैं। ऐसे में स्थानीय स्तर पर नर्सिंग, फार्मेसी और अन्य तकनीकी संस्थानों की उपलब्धता से छात्राओं को भी बेहतर शिक्षा और करियर के अवसर मिल सकेंगे।

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उन्होंने कहा कि महिला शिक्षा और आत्मनिर्भरता के लिए ऐसे संस्थानों की स्थापना बेहद महत्वपूर्ण है। इससे क्षेत्र में बेटियों की उच्च शिक्षा की राह आसान होगी और वे स्वास्थ्य तथा तकनीकी क्षेत्रों में अपनी पहचान बना सकेंगी।

जनसहयोग से आगे बढ़ेगा अभियान

केशवचन्द यादव ने कहा कि यह केवल एक राजनीतिक मुद्दा नहीं बल्कि क्षेत्र के भविष्य से जुड़ा जनहित का विषय है। इसके लिए वे लगातार जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और शासन स्तर पर अपनी बात रख रहे हैं। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से भी इस अभियान में सहयोग और समर्थन की अपील की।

उन्होंने कहा कि भाटपार रानी को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने के लिए व्यापक जनआंदोलन की आवश्यकता है। युवाओं, अभिभावकों और सामाजिक संगठनों के सहयोग से इस मांग को और मजबूती मिलेगी।

क्षेत्र के भविष्य के लिए संकल्प

अपने संबोधन के अंत में केशवचन्द यादव ने स्पष्ट कहा कि भाटपार रानी विधानसभा में पॉलिटेक्निक कॉलेज, फार्मेसी कॉलेज और नर्सिंग कॉलेज की स्थापना उनका प्रमुख लक्ष्य है। जब तक इन संस्थानों की स्थापना नहीं हो जाती, तब तक वे इस मुद्दे को निरंतर उठाते रहेंगे और क्षेत्र के युवाओं के हित में संघर्ष जारी रखेंगे।

उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में भाटपार रानी तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान बनाएगा और यहां के युवाओं को अपने सपनों को साकार करने के लिए घर के पास ही बेहतर अवसर उपलब्ध होंगे।

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Author: यायावर

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