भारत विकास परिषद आजमगढ़ शाखा को मिला नया नेतृत्व, डॉ. देवेश दूबे बने अध्यक्ष
भव्य समारोह में नए पदाधिकारियों ने ली शपथ, शिक्षा और संस्कार के क्षेत्र में योगदान देने वाले विद्यालय भी सम्मानित
जगदंबा उपाध्याय की रिपोर्ट
आजमगढ़ में सामाजिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए समर्पित संस्था भारत विकास परिषद की शाखा आजमगढ़ के तत्वावधान में दायित्व ग्रहण एवं सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। शहर स्थित होटल ग्रैंड एस आर के सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम में समाज के विभिन्न वर्गों से जुड़े गणमान्य लोगों, शिक्षाविदों, चिकित्सकों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। समारोह के दौरान सत्र 2026-27 के लिए नई कार्यकारिणी को शपथ दिलाई गई और परिषद के मूल सिद्धांतों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रभक्ति एवं सांस्कृतिक गरिमा के साथ हुई। काशी प्रांत से पहुंचे प्रांतीय अध्यक्ष हरविंदर हरीश वालिया, प्रांतीय गतिविधि संयोजक संस्कार कमलेश कुमार सिंह, प्रांतीय संरक्षक अशोक अग्रवाल, जिला समन्वयक बद्री प्रसाद गुप्त, सीताराम पांडे, डॉ. देवेश दूबे, विश्वनाथ अग्रवाल एवं सविता बरनवाल ने संयुक्त रूप से मां भारती एवं स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसके बाद वंदे मातरम के सामूहिक गायन ने पूरे वातावरण को राष्ट्रभावना से ओतप्रोत कर दिया।
अतिथियों का हुआ सम्मान
शाखा गतिविधि संयोजक संस्कार रमाकांत वर्मा ने मंचासीन अतिथियों सहित उपस्थित सभी सदस्यों का स्वागत किया। परिषद की परंपरा के अनुरूप अतिथियों को अंगवस्त्र एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में परिषद से जुड़े दायित्वधारियों और सक्रिय सदस्यों को भी उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर शिक्षा एवं समाज निर्माण में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लगभग 15 विद्यालयों को भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया। परिषद के पदाधिकारियों ने कहा कि शिक्षा, संस्कार और सामाजिक चेतना को मजबूत किए बिना राष्ट्र निर्माण की कल्पना अधूरी है।
डॉ. देवेश दूबे ने अध्यक्ष पद की ली शपथ
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण नई कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह रहा। काशी प्रांत के प्रांतीय अध्यक्ष हरविंदर हरीश वालिया ने सत्र 2026-27 के लिए डॉ. देवेश दूबे को अध्यक्ष, कौशल कुमार राय को सचिव तथा आनंद प्रकाश श्रीवास्तव को कोषाध्यक्ष पद की शपथ दिलाई।
इसके बाद नवनिर्वाचित अध्यक्ष डॉ. देवेश दूबे ने परिषद की विभिन्न गतिविधियों से जुड़े नए दायित्वधारियों को शपथ दिलाई। इनमें शाखा गतिविधि संयोजक रमाकांत वर्मा, संपर्क प्रमुख आर.पी. राय, सेवा प्रमुख पवन कुमार अग्रवाल, महिला सहभागिता प्रमुख श्रीमती दीपशिखा पांडे तथा पर्यावरण प्रमुख गोविंद दूबे शामिल रहे। शपथ ग्रहण के दौरान परिषद के सभी सदस्यों ने सेवा, संस्कार, सहयोग और राष्ट्रहित के लिए कार्य करने का संकल्प लिया।
परिषद के मूल सिद्धांतों पर चला प्रकाश
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला समन्वयक बद्री प्रसाद गुप्त ने भारत विकास परिषद के इतिहास, उद्देश्यों एवं गतिविधियों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि परिषद वर्षों से समाज के विभिन्न क्षेत्रों में सेवा कार्यों के माध्यम से लोगों को जोड़ने का कार्य कर रही है।
प्रांतीय अध्यक्ष हरविंदर हरीश वालिया ने अपने संबोधन में कहा कि परिषद संपर्क, सहयोग, संस्कार, सेवा और समर्पण के पांच मूल सिद्धांतों पर आधारित संस्था है। यदि प्रत्येक सदस्य इन सिद्धांतों को आत्मसात कर कार्य करे तो संस्था समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने में और अधिक प्रभावी भूमिका निभा सकती है।
उन्होंने कहा कि परिषद केवल सामाजिक संस्था नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का एक व्यापक अभियान है, जो भारतीय संस्कृति और मूल्यों को आगे बढ़ाने के लिए सतत कार्य कर रही है।
संस्कार और सेवा को मजबूत करने पर जोर
काशी प्रांत से आए प्रांतीय गतिविधि संयोजक संस्कार कमलेश कुमार सिंह ने परिषद के संस्कार कार्यक्रमों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में युवाओं एवं बच्चों में नैतिक मूल्यों का विकास अत्यंत आवश्यक है और परिषद इसी दिशा में निरंतर कार्य कर रही है।
प्रांतीय संरक्षक अशोक अग्रवाल ने भी परिषद की गतिविधियों की सराहना करते हुए नई टीम को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि परिषद का विस्तार तभी संभव है जब प्रत्येक सदस्य सक्रिय रूप से समाज सेवा से जुड़े।
पूर्व अध्यक्ष सीताराम पांडे ने सभी अतिथियों, पदाधिकारियों एवं उपस्थित सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन अजय मिश्रा ने प्रभावशाली ढंग से किया।
गणमान्य लोगों की रही उपस्थिति
समारोह में आर.पी. श्रीवास्तव, डॉ. निरंकार प्रसाद श्रीवास्तव, बिरजा शंकर राय, डॉ. नेहा दूबे, वेदांती वर्मा, मनीष रत्न अग्रवाल, जे.आर. विश्वकर्मा, नीलम अस्थाना, राजेश अरोरा, सुरेंद्र उपाध्याय, अजय पाठक सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। पूरे आयोजन में सामाजिक एकजुटता, सांस्कृतिक मूल्यों और राष्ट्रसेवा की भावना स्पष्ट रूप से दिखाई दी।








