20 मिनट की बारिश ने खोली विकास कार्यों की पोल, जलभराव से बाजार और डाकघर तक पहुंचना हुआ मुश्किल
रिपोर्ट: मनोज कुमार
मुफ़्तीगंज(जौनपुर)। जौनपुर जिले के मुफ़्तीगंज ब्लॉक स्थित मुफ़्तीगंज बाजार में महज 20 मिनट की बारिश ने स्थानीय विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति उजागर कर दी। बाजार की प्रमुख सड़कों और गलियों में जलभराव होने से दुकानदारों, राहगीरों और स्थानीय नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों का आरोप है कि नालियों की समुचित व्यवस्था न होने और वर्षा जल निकासी की कोई प्रभावी योजना न बनाए जाने के कारण हर बार हल्की बारिश में भी बाजार तालाब जैसा दिखाई देने लगता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बाजार क्षेत्र में वर्षों से जल निकासी की समस्या बनी हुई है, लेकिन अब तक इसका स्थायी समाधान नहीं किया गया। बारिश का पानी सड़कों पर जमा होने से पैदल चलना मुश्किल हो गया, वहीं दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
दुकानदारों में बढ़ा आक्रोश
मुफ़्तीगंज बाजार के व्यापारियों ने बताया कि बारिश के कारण उनकी दुकानों के सामने पानी भर गया, जिससे ग्राहकों की आवाजाही प्रभावित हुई। कई दुकानदारों ने कहा कि यदि लगातार बारिश हुई तो दुकानों के भीतर पानी घुसने का भी खतरा बना रहेगा, जिससे आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
व्यापारियों का कहना है कि स्थानीय स्तर पर कई बार इस समस्या की जानकारी संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उनका आरोप है कि विकास कार्यों के दावे तो किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर हालात कुछ और ही दिखाई देते हैं।
डाकघर पहुंचना भी बना चुनौती
मुफ़्तीगंज बाजार में स्थित डाकघर तक पहुंचने वाले मार्ग पर भी पानी भर जाने से आम नागरिकों को काफी कठिनाई हुई। डाकघर आने वाले लोगों को जलभराव के बीच होकर गुजरना पड़ा। बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को विशेष रूप से परेशानी का सामना करना पड़ा।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि डाकघर जैसे महत्वपूर्ण सरकारी कार्यालय तक पहुंचने के लिए यदि लोगों को पानी में होकर जाना पड़े तो यह प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
स्थानीय लोगों ने उठाए सवाल
ग्रामीणों और बाजारवासियों का कहना है कि यदि केवल 20 मिनट की बारिश में यह स्थिति बन सकती है तो मानसून के दौरान होने वाली लगातार बारिश में हालात और भी गंभीर हो सकते हैं। लोगों ने आशंका जताई कि यदि समय रहते जल निकासी की व्यवस्था नहीं सुधारी गई तो बाजार क्षेत्र में जलभराव के कारण व्यापार, आवागमन और जनजीवन बुरी तरह प्रभावित होगा।
नागरिकों का कहना है कि नालियों की नियमित सफाई, नई जल निकासी व्यवस्था तथा क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत कराई जाए, ताकि बरसात के मौसम में लोगों को राहत मिल सके।
स्थायी समाधान की मांग
स्थानीय व्यापारियों और नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि मुफ़्तीगंज बाजार की जल निकासी व्यवस्था का तत्काल सर्वे कराया जाए। जहां आवश्यकता हो वहां नई नालियों का निर्माण कराया जाए तथा बंद पड़ी नालियों की सफाई कराई जाए। इसके साथ ही वर्षा जल के सुचारु निकास के लिए प्रभावी योजना तैयार की जाए।
लोगों का कहना है कि विकास कार्यों की गुणवत्ता की भी जांच होनी चाहिए, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि पूर्व में कराए गए कार्य मानकों के अनुरूप थे या नहीं। उनका मानना है कि केवल कागजी योजनाओं से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि जमीनी स्तर पर प्रभावी कार्यवाही आवश्यक है।
प्रशासन से कार्रवाई की उम्मीद
मुफ़्तीगंज बाजार के लोगों को उम्मीद है कि संबंधित विभाग और स्थानीय प्रशासन इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र आवश्यक कदम उठाएंगे। यदि समय रहते जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त कर दिया जाता है तो आने वाले मानसून में बाजारवासियों और व्यापारियों को राहत मिल सकती है।
फिलहाल, 20 मिनट की बारिश ने यह संकेत अवश्य दे दिया है कि क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने की आवश्यकता है। स्थानीय लोग अब प्रशासनिक हस्तक्षेप और स्थायी समाधान की प्रतीक्षा कर रहे हैं।








