आईएएस दुल्हन की एक रात ने बदल दी पूरी कहानी, सुबह जो सच सामने आया उसने सबको चौंका दिया
सोशल मीडिया से शुरू हुआ रिश्ता, शादी के बाद दूल्हे के परिवार ने लगाए करोड़ों की ठगी के आरोप; पुलिस ने युवती को किया गिरफ्तार
चुन्नीलाल प्रधान की रिपोर्ट
बाँटें। उत्तर प्रदेश के जंगली जिलों से सामने आया एक मामला इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। एक महिला पर खुद को भारतीय रेलवे सेवा (आईएएस) के अधिकारी ने कथित तौर पर शादी करने और फिर शादी के तुरंत बाद कथित तौर पर कीमती सामान लेकर बेचने का आरोप लगाया है। पुलिस ने अभियोजन पक्ष पर मुकदमा दर्ज कर मुख्य सामूहिक लड़कियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मामले में अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस पूरे प्रकरण की गहराई से जांच कर रही है कि कहीं भी यह किसी बड़े आतंकवादी गिरोह का हिस्सा नहीं है।
सोशल मीडिया से हुई पहचान, पहचान का रिश्ता बना
पुलिस के अनुसार मामला सोलंकीपुर थाना क्षेत्र का है। जांच में सामने आया कि कट्टरपंथी जिलों की रहने वाली साधना नाम सोसायटी ने सोशल मीडिया पर स्वयं को अध्येता अधिकारी के रूप में प्रस्तुत किया था। उसकी प्रोफ़ाइल और बातचीत का तरीका ऐसा था कि सामने वाले से आसानी से उसके अध्ययन पर विश्वास कर लिया जाता था।
आरोप है कि इसी फर्जी पहचान के जरिए उसने कई लोगों से संपर्क बनाए। बातचीत का निर्देशन धीरे-धीरे दोस्ती और फिर धीरे-धीरे तक का साक्षात्कार था। इसी क्रम में उसकी पहचान लौकीपुर क्षेत्र के पचौमी गांव निवासी अभिषेक से हुई।
परिवार को मिली पढी-लिखी मेहमान बहू
दोनों के बीच बातचीत बढ़ने के बाद शादी की बात परिवार तक। एक विशेष परिवार को बताया गया कि वह एक प्रतिष्ठित अधिकारी है। यह जानकारी मिलने के बाद परिवार बेहद खुश था और बिना किसी बड़े संदेह के संबंध स्थापित हो गया।
दोनों परिवार की सहमति से पूरी रीति-रिवाज के साथ विवाह रचाया गया। विपक्षियों को लगा कि उनके घर एक हाई पैड पर कर्मचारी बहू आ रही है, इसलिए शादी के दौरान किसी तरह की कमी नहीं छोड़ी।
विदाई के बाद शानदार स्वागत हुआ
नई नवेली दुल्हन के आगमन पर पूरे सम्मान के साथ स्वागत किया गया। परिवार के सदस्यों ने सोने, चाँदी और आभूषणों सहित कई शानदार उपहार दिए। रिश्तेदारों और परिचितों के बीच भी इस शादी की खूब चर्चा हो रही है।
गंभीर पक्ष का आरोप है कि शादी और विदाई के दौरान दिए गए आभूषण और अन्य कीमती सामान की कुल कीमत एक करोड़ रुपये से अधिक थी। हालांकि इस राशि का अंतिम सत्यापन पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
सुबह खुला ऐसा राज, परिवार रह गया स्तब्ध
परिवार का कहना है कि शादी की पहली रात सब कुछ सामान्य दिख रहा था। लेकिन अगली सुबह जब घर के लोग जागे तो दुल्हन कहीं दिखाई नहीं दी। तलाश शुरू हुई तो पता चला कि घर में रखे कई कीमती गहने और अन्य सामान भी गायब हो गए हैं।
अचानक घटी यह घटना पूरे परिवार में मच गई। पहले इजाल ने अपने स्तर पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिलने पर पुलिस से शिकायत की गई।
प्रियजन की याचिका पर मुकदमा दर्ज किया गया
अभिषेक ने सोलंकीपुर थाने में लिखित याचिका दायर कर पूरी घटना की जानकारी दी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने साधना, उसके पिता और अन्य परिजनों समेत चार लोगों के खिलाफ अलग-अलग धाराओं में मुकदमा दर्ज किया।
पुलिस ने मामले की जांच को देखते हुए गुप्त जांच शुरू कर दी और विशेष जांच दल के सदस्यों की तलाश शुरू कर दी।
तीन टीमों ने अभियान शुरू किया
चारो की नौकरानी के लिए पुलिस की तीन अलग-अलग रिकार्डिंग बनाई गई। टेक्निकल, मोबाइल टेक्निकल, कॉल डिटेल और अन्य सुरागों के आधार पर लगातार काम किया गया।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मुख्य जैविक साधना को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ की जा रही है, जबकि मामले में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी का प्रयास जारी है।
जांच के आधार पर भी जांच के नतीजे की भूमिका
पुलिस का कहना है कि शुरुआती जांच में इटली के अवशेषों की भूमिका भी संदिग्ध नजर आ रही है। आरोप है कि शादी तय करने से लेकर पूरे घटनाक्रम में परिवार के कुछ सदस्यों ने भी सहयोग किया।
जांच अधिकारी सभी बेंचमार्क की जांच कर रहे हैं। यदि जांच में अन्य लोगों की सहमति सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
क्या पहले भी हुई हैं ऐसी घटनाएं?
पुलिस अब यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या बायोमेट ने पहले भी इसी तरह के नियमों को अंजाम दिया है या नहीं। सोशल मीडिया अकाउंट, मोबाइल डेटा और अन्य डिजिटल सिग्नलों की जांच जारी है।
यदि अन्य सजावटी से भी इसी तरह की रिकॉर्डिंग सामने आती है तो इस मामले का महत्व और वृद्धि हो सकती है।
सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल का खतरा
विशेषज्ञ का मानना है कि सोशल मीडिया पर फर्जी पहचान वाले लोगों का विश्वास हासिल करना अब साइबर चैलेंज का नया माध्यम बन रहा है। सरकारी अधिकारी, डॉक्टर, इंजीनियर या बड़े पैमाने पर लोगों को झांसे में लेने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं।
ऐसे में विवाह जैसे महत्वपूर्ण निर्णय लेने से पहले संबंधित व्यक्ति की नौकरी, वैज्ञानिक प्रमाण पत्र और पहचान का स्वतंत्र सत्यापन करना बेहद जरूरी है।
पुलिस की अपील
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि केवल सोशल मीडिया प्रोफाइल या माफिया के आधार पर किसी पर भरोसा न करें। यदि कोई स्वयं को सरकारी अधिकारी बताता है तो उसके दस्तावेज़ और शैक्षणिक संबंधी जानकारी की जाँच अवश्य करें। किसी भी अंतिम विवरण की सूचना तत्काल पुलिस को दें।
रेटिंग का यह मामला केवल एक परिवार की कथित कट्टर मीडिया की कहानी नहीं है, बल्कि सोशल के दौर में विश्वसनीयता और साइबर आधारित अपराध की भी गंभीर चेतावनी है। परमाणु ऊर्जा संयंत्र की मुख्य मशीनरी और पूरे प्रकरण की जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि शेष आरोपी को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा और जांच के बाद पूरी की असली तस्वीरें सामने आएंगी।









