सुनील शुक्ला की रिपोर्ट
सिद्धार्थ यात्रा को लेकर लोगों की जांच करने के उद्देश्य से एक टीम ने सोमवार सुबह उस समय भीषण दुर्घटना का शिकार हो गया, जब उसका डीजे वाहन उच्च विद्युत लाइन की चपेट में आ गया। इस दुर्घटना में गाड़ियों पर सवार दो लोगों की मौत हो गई, जबकि चार अन्य गंभीर रूप से झुलस गए। दुर्घटना के बाद सुपरस्टार-स्टार मच गया और आसपास के लोग बड़ी संख्या में मकबरे पर पहुंच गए। सूचना पुलिस और प्रशासन की टीम ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया है और मजदूरों को मजबूरन अस्पताल में भर्ती कर दिया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। हादसा सीतापुर के थानगांव थाना क्षेत्र में सोमवार सुबह करीब 9 बजे हुआ।
अवेयरनेस अभियान को लेकर ऑर्केस्ट्रा को लेकर जा रहा था
जानकारी के अनुसार स्थानीय स्तर पर सैद्धांतिक यात्रा को सुरक्षित और सुरक्षा बनाने के उद्देश्य से एक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा था। इसी अभियान के तहत डीजे वाहनों के माध्यम से लोगों को यात्रा से संबंधित संदेश दिए जा रहे थे। वाहन पर सवार युवा लोगों से सावधानी बरतने और यात्रा के दौरान चलने-फिरने की अपील कर रहे थे।
बताया जा रहा है कि कुछ युवा डीजे गाड़ियों की छत पर भी बैठे थे। जैसे ही वाहन एक गांव के सीमांत, ऊपर से गुजर रही उच्च विद्युत लाइन वाहनों के संपर्क में आए। इसके बाद पूरे वाहनों में तेज करंट फैल गया और वाहनों पर सवार लोगों में चीख-पुकार मच गई।
दो टुकड़ों की मशीन पर मौत, चार का इलाज जारी
हादसा इतना भीषण था कि दो इमारतों ने बिल्डिंग पर ही दम तोड़ दिया। वहीं चार अन्य किशोर गंभीर रूप से झुलस गए। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया और पुलिस को सूचना दी। पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीम ने आत्मघाती हमलावरों और हमलावरों को अस्पताल से सहायता प्रदान की।
अस्पताल में दो टुकड़ों को मृत घोषित कर दिया गया, जबकि अन्य अवशेषों का उपचार जारी किया गया। मुसलमानों की निगरानी में उनका इलाज जारी है और उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
परिवार पर दुखों का पहाड़
दुर्घटना की सूचना ही मृतकों के परिजनों को मिली। फैजाबाद का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी शोक की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण अस्पताल और इमारतें पहुंच गईं। हर कोई इस दुर्घटना से स्तब्ध दिखाई दिया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ये हादसा कुछ ही दिन में हुआ और किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार करंट प्रवाहित ही वाहन पर बैठे व्यक्ति गंभीर रूप से जल गए।
पुलिस और प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है
घटना की जानकारी प्राप्त करने के लिए पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी क्षेत्र और टीम का निरीक्षण किया। पुलिस ने सामान को व्यवसाय में लेकर के लिए भेज दिया है। साथ ही पूरी घटना की जांच शुरू हो गई है।
प्रशासन यह पता लगाने का प्रयास कर रहा है कि ऑटोमोबाइल हाई एट्रेसेस लाइन की जांच किन फ्रांसिस्को में की जाए। जांच के दौरान विद्युत विभाग से भी आवश्यक जानकारी प्राप्त की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इलेक्ट्रिकल उपकरण के पास अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए
विशेषज्ञ का मानना है कि ओपन स्केल, डीजे ट्रॉली और वेयरहाउस प्लेटफॉर्म का उपयोग करते समय समय से पहले गुजरात में हाई इलेक्ट्रिकल इलेक्ट्रॉनिक्स पर विशेष ध्यान देना चाहिए। छोटी-सी दुर्घटना भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। धार्मिक, सामाजिक और सार्वजनिक आयोजनों में शामिल यात्रियों और वाहनों के दस्तावेजों को पहले मार्ग का निरीक्षण करना चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।
यह दुर्घटना एक बार फिर इस बात की याद दिलाती है कि जनजागरूकता कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन करना आवश्यक है। यदि इलेक्ट्रिकल गैजेट्स के पाइपलाइन, वाहनों के पाइपलाइन और मार्ग की स्थिति का पहले आकलन कर लिया जाए तो इस तरह के इलेक्ट्रॉनिक्स गैजेट्स की संभावनाएं काफी हद तक कम हो सकती हैं।
जांच मामले में पुलिस की पूछताछ में आरोपियों का अस्पताल में इलाज जारी है। पूरे क्षेत्र में इस ट्रॉली के शोरूम का रो-रोकर बुरा हाल है।

























