कामां में 15 दिवसीय सड़क सुरक्षा अभियान शुरू, नियम तोड़ने वालों पर सख्ती ; वाहन चालकों को यातायात पालन का संदेश

कामां में सड़क सुरक्षा अभियान के दौरान पुलिस वाहन चालकों की जांच करती हुई, साथ में रिपोर्टर हिमांशु मोदी की तस्वीर।

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हिमांशु मोदी की रिपोर्ट 

कामां। सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और आमजन में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से कामां थाना क्षेत्र में 15 दिवसीय विशेष सड़क सुरक्षा एवं यातायात जागरूकता अभियान की शुरुआत की गई है। इस अभियान के तहत पुलिस प्रशासन एक ओर जहां यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रहा है, वहीं दूसरी ओर लोगों को सुरक्षित वाहन संचालन के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है। अभियान के दौरान बिना हेलमेट वाहन चलाने, सीट बेल्ट का उपयोग नहीं करने, आवश्यक दस्तावेज साथ न रखने तथा अन्य यातायात नियमों की अनदेखी करने वालों के चालान काटे जा रहे हैं।

सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस की विशेष पहल

जिला पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर शुरू किए गए इस विशेष अभियान का उद्देश्य केवल चालान काटना नहीं, बल्कि लोगों में सड़क सुरक्षा के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अधिकांश सड़क हादसे यातायात नियमों की अनदेखी के कारण होते हैं। यदि वाहन चालक निर्धारित नियमों का पालन करें तो बड़ी संख्या में दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है।

इसी सोच के साथ पुलिस टीम लगातार क्षेत्र के प्रमुख मार्गों, बाजारों और व्यस्त चौराहों पर विशेष जांच अभियान चला रही है। जगह-जगह नाकाबंदी कर वाहनों की जांच की जा रही है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।

नियम तोड़ने वालों पर हो रही कार्रवाई

अभियान के दौरान पुलिस विशेष रूप से बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने वालों, तेज गति से वाहन दौड़ाने, गलत दिशा में वाहन चलाने, सीट बेल्ट का प्रयोग नहीं करने तथा अन्य यातायात नियमों की अवहेलना करने वालों पर नजर बनाए हुए है।

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पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा नियमों का पालन प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। इसलिए जो लोग नियमों का उल्लंघन करेंगे, उनके खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस का कहना है कि अभियान का उद्देश्य लोगों को अनुशासित बनाना और दुर्घटनाओं में कमी लाना है।

हेलमेट पहनना जीवन की सुरक्षा के लिए जरूरी

अभियान के दौरान पुलिसकर्मी वाहन चालकों को हेलमेट के महत्व के बारे में भी विस्तार से जानकारी दे रहे हैं। अधिकारियों ने बताया कि सड़क दुर्घटना होने की स्थिति में हेलमेट सिर को गंभीर चोट से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। अनेक मामलों में हेलमेट पहनने से लोगों की जान बच जाती है।

पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि केवल वाहन चालक ही नहीं, बल्कि दोपहिया वाहन पर पीछे बैठने वाले सहयात्री के लिए भी हेलमेट पहनना अनिवार्य है। नियमों का पालन करने से न केवल कानूनी कार्रवाई से बचा जा सकता है, बल्कि जीवन की सुरक्षा भी सुनिश्चित होती है।

सीट बेल्ट का उपयोग भी उतना ही महत्वपूर्ण

चारपहिया वाहन चालकों को भी सीट बेल्ट लगाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि दुर्घटना के समय सीट बेल्ट गंभीर चोटों की संभावना को काफी हद तक कम कर देती है। इसलिए वाहन में बैठते ही सबसे पहले सीट बेल्ट लगाना प्रत्येक व्यक्ति की आदत बननी चाहिए।

पुलिस टीम लोगों को समझा रही है कि सुरक्षा उपकरणों का उपयोग केवल चालान से बचने के लिए नहीं, बल्कि स्वयं और परिवार की सुरक्षा के लिए आवश्यक है।

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लोगों को किया जा रहा जागरूक

विशेष अभियान के दौरान पुलिस केवल दंडात्मक कार्रवाई तक सीमित नहीं है। वाहन चालकों को यातायात नियमों की जानकारी देकर सुरक्षित ड्राइविंग के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। पुलिसकर्मी लोगों को बता रहे हैं कि सड़क पर संयमित गति से वाहन चलाना, ट्रैफिक संकेतों का पालन करना, मोबाइल फोन का उपयोग न करना और शराब पीकर वाहन न चलाना जैसे छोटे-छोटे नियम कई बड़ी दुर्घटनाओं को रोक सकते हैं।

अधिकारियों का कहना है कि यदि प्रत्येक नागरिक अपनी जिम्मेदारी समझते हुए नियमों का पालन करेगा तो सड़क दुर्घटनाओं और उनमें होने वाली जनहानि में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है।

जिम्मेदार नागरिक बनने की अपील

पुलिस प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे सड़क सुरक्षा को केवल कानूनी बाध्यता न मानें, बल्कि इसे अपने जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाएं। घर से निकलते समय हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें, वाहन चलाते समय सभी यातायात नियमों का पालन करें तथा दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें।

पुलिस का कहना है कि सुरक्षित यातायात व्यवस्था तभी संभव है, जब प्रशासन और आम नागरिक दोनों मिलकर अपनी-अपनी जिम्मेदारियों का ईमानदारी से निर्वहन करें। सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता ही दुर्घटनाओं को कम करने का सबसे प्रभावी माध्यम है।

पूरे जिले में जारी रहेगा अभियान

पुलिस अधिकारियों के अनुसार 15 दिवसीय यह विशेष सड़क सुरक्षा एवं यातायात जागरूकता अभियान आगामी दिनों तक लगातार चलाया जाएगा। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों में नियमित जांच अभियान, जागरूकता कार्यक्रम और यातायात नियमों के पालन को लेकर विशेष अभियान संचालित किए जाएंगे। नियमों की अनदेखी करने वालों पर कार्रवाई के साथ-साथ लोगों को सुरक्षित यातायात के प्रति जागरूक करने का कार्य भी लगातार जारी रहेगा, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाकर सभी के लिए सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके।

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