इरफान अली लारी की रिपोर्ट
देवरिया। जनसुनवाई केवल शिकायत दर्ज कराने का मंच न बनकर यदि त्वरित समाधान का माध्यम बन जाए तो आम नागरिकों का प्रशासन पर भरोसा और मजबूत होता है। देवरिया में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम के दौरान ऐसा ही एक मानवीय दृश्य देखने को मिला, जब अपनी समस्याओं को लेकर पहुंचे एक दिव्यांग युवक और गंभीर बीमारी से जूझ रही एक असहाय महिला की व्यथा सुनकर जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने तत्काल संवेदनशीलता दिखाई। उन्होंने दोनों मामलों में संबंधित विभागों को मौके पर ही आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए, जिसके परिणामस्वरूप दिव्यांग युवक को उसी दिन ट्राइसाइकिल उपलब्ध करा दी गई, जबकि बीमार महिला और उसके परिवार को विभिन्न सरकारी योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई।
यह पहल न केवल प्रशासन की सक्रिय कार्यशैली का उदाहरण बनी, बल्कि यह संदेश भी दिया कि पात्र लोगों तक सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
दिव्यांग युवक की समस्या सुनते ही दिए तत्काल निर्देश
जनता दर्शन कार्यक्रम में ग्राम सोनहुला रामनगर निवासी कल्पनाथ, जो दिव्यांग हैं, अपनी परेशानी लेकर जिलाधिकारी के समक्ष पहुंचे। उन्होंने बताया कि बिना ट्राइसाइकिल के दैनिक जीवन के सामान्य कार्य करना भी उनके लिए अत्यंत कठिन हो गया है। आवागमन में होने वाली परेशानी के कारण उन्हें अनेक आवश्यक कार्यों के लिए दूसरों पर निर्भर रहना पड़ता है।
जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने उनकी समस्या को गंभीरता से सुना और बिना किसी अनावश्यक देरी के जिला दिव्यांगजन अधिकारी को आवश्यक पत्रावली तत्काल तैयार कर स्वीकृति की प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए। प्रशासन की तत्परता का परिणाम यह रहा कि दिव्यांगजन विभाग ने उसी दिन आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करते हुए कल्पनाथ को ट्राइसाइकिल उपलब्ध करा दी।
ट्राइसाइकिल मिलने के बाद कल्पनाथ ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि अब उनका दैनिक जीवन पहले की तुलना में काफी आसान हो जाएगा और उन्हें छोटी-छोटी जरूरतों के लिए दूसरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
गंभीर बीमारी से जूझ रही महिला को मिला सरकारी योजनाओं का सहारा
जनता दर्शन में दूसरा मामला ग्राम सिरजम निवासी पूजा देवी का था। उन्होंने जिलाधिकारी को बताया कि उनकी दोनों किडनियां खराब हो चुकी हैं और आर्थिक स्थिति अत्यंत कमजोर होने के कारण इलाज कराना मुश्किल हो गया है। उन्होंने प्रशासन से आर्थिक सहायता और सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने की मांग की।
पूजा देवी की स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने महिला को राशन कार्ड और आयुष्मान कार्ड जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं से जोड़ने के साथ-साथ जिला प्रोबेशन विभाग द्वारा संचालित कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने को कहा।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि महिला को उपलब्ध सभी पात्र योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से मिले, जिससे इलाज और परिवार के भरण-पोषण में कुछ राहत मिल सके।
दो छोटी बेटियों के भविष्य की भी की चिंता
पूजा देवी के साथ उनकी दो छोटी बेटियां भी जनता दर्शन में मौजूद थीं। बच्चों की स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी ने केवल महिला की समस्या तक ही स्वयं को सीमित नहीं रखा, बल्कि दोनों बालिकाओं के भविष्य को भी ध्यान में रखा।
उन्होंने प्रोबेशन एवं बाल कल्याण विभाग को निर्देश दिए कि दोनों बच्चियों को विभागीय योजनाओं से लाभान्वित किया जाए तथा उन्हें मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत भी आच्छादित करने की प्रक्रिया पूरी की जाए।
इसके साथ ही जिलाधिकारी ने परिवार को बच्चों की नियमित शिक्षा पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी और कहा कि बच्चों को लगातार विद्यालय भेजना अत्यंत आवश्यक है, ताकि उनका भविष्य सुरक्षित और बेहतर बन सके।
त्वरित कार्रवाई से बढ़ा प्रशासन पर भरोसा
जनता दर्शन कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने देखा कि दोनों मामलों में अधिकारियों ने बिना अनावश्यक औपचारिकताओं के तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी। दिव्यांग युवक को उसी दिन ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराए जाने और बीमार महिला को विभिन्न योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया शुरू होने से लोगों में प्रशासन की कार्यशैली को लेकर सकारात्मक संदेश गया।
स्थानीय लोगों का कहना था कि यदि इसी प्रकार पात्र व्यक्तियों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान होता रहे तो आम नागरिकों का विश्वास सरकारी व्यवस्था में और अधिक मजबूत होगा।
सरकारी योजनाओं का उद्देश्य जरूरतमंदों तक लाभ पहुंचाना
सरकार द्वारा दिव्यांगजन, आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों, महिलाओं और बच्चों के लिए अनेक कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। लेकिन इन योजनाओं का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होता है जब पात्र लाभार्थियों तक समय पर इनका लाभ पहुंचे।
जनता दर्शन जैसे कार्यक्रम ऐसे ही जरूरतमंद लोगों के लिए महत्वपूर्ण मंच साबित हो रहे हैं, जहां वे सीधे प्रशासन के समक्ष अपनी बात रख सकते हैं और संबंधित अधिकारियों के माध्यम से त्वरित समाधान प्राप्त कर सकते हैं।
मानवीय दृष्टिकोण की हुई सराहना
जनता दर्शन में जिलाधिकारी द्वारा दिखाई गई संवेदनशीलता और त्वरित निर्णय क्षमता की उपस्थित लोगों ने खुले दिल से सराहना की। दिव्यांग युवक को तत्काल ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराना और गंभीर बीमारी से जूझ रही महिला तथा उसकी दोनों बेटियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं से जोड़ने के निर्देश देना प्रशासन के मानवीय और जवाबदेह स्वरूप का उदाहरण माना गया।
कार्यक्रम के अंत में दोनों फरियादियों ने जिलाधिकारी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुनकर जिस तेजी से कार्रवाई की गई, उससे उन्हें नई उम्मीद मिली है। वहीं उपस्थित नागरिकों ने भी इसे जनहित में प्रशासन की एक सकारात्मक और संवेदनशील पहल बताया।













