इरफान अली लारी की रिपोर्ट
भाटपार रानी, देवरिया। भाटपार रानी नगर पंचायत के बीचों-बीच स्थित विंध्यवासिनी कॉलोनी इन दिनों बदहाली और अव्यवस्था के चलते चर्चा का विषय बनी हुई है। नगर पंचायत के तीन वार्डों को जोड़ने वाली इस महत्वपूर्ण कॉलोनी में पिछले करीब 20 दिनों से नाली निर्माण का कार्य चल रहा है, लेकिन निर्माण कार्य अधूरा छोड़ दिए जाने के कारण स्थानीय लोगों की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। मुख्य नाली को बंद किए जाने से सड़क पर भारी मात्रा में पानी जमा हो गया है। लंबे समय से जमा पानी अब सड़ने लगा है, जिससे इलाके में भयंकर दुर्गंध फैल रही है और मच्छरों का प्रकोप भी तेजी से बढ़ गया है।
अधूरी नाली बनी लोगों के लिए परेशानी का सबब
स्थानीय लोगों के मुताबिक विंध्यवासिनी कॉलोनी में नाली निर्माण शुरू होने के बाद उम्मीद थी कि जलनिकासी की समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा। लेकिन निर्माण कार्य बीच में ही रुक जाने से स्थिति पहले से भी अधिक खराब हो गई है। मुख्य नाली को बंद कर दिए जाने के बाद पानी की निकासी पूरी तरह प्रभावित हो गई है और बारिश तथा घरेलू पानी के कारण सड़क पर जलजमाव की स्थिति पैदा हो गई है।
कॉलोनीवासियों का कहना है कि कई दिनों से पानी जमा रहने के कारण अब उसमें सड़ांध पैदा हो गई है। सुबह से लेकर देर रात तक दुर्गंध के कारण लोगों का घरों में रहना मुश्किल हो रहा है। छोटे बच्चों, बुजुर्गों और राहगीरों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
जलजमाव से मच्छरों का बढ़ा प्रकोप, बीमारी का डर
विंध्यवासिनी कॉलोनी में जलजमाव के कारण मच्छरों की संख्या में भी भारी वृद्धि होने की बात सामने आई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि शाम होते ही मच्छरों का प्रकोप इतना बढ़ जाता है कि लोगों के लिए घर के बाहर निकलना तक मुश्किल हो जाता है। लंबे समय तक गंदा पानी जमा रहने से संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका भी बनी हुई है।
कॉलोनीवासियों ने नगर पंचायत प्रशासन से तत्काल जलनिकासी की व्यवस्था कराने, जमा पानी हटवाने और मच्छरों के प्रकोप से बचाव के लिए दवा का छिड़काव कराने की मांग की है। लोगों का कहना है कि समस्या को समय रहते दूर नहीं किया गया तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
20 दिनों से चार पहिया वाहनों की आवाजाही प्रभावित
अधूरे नाली निर्माण के चलते विंध्यवासिनी कॉलोनी में पिछले करीब 20 दिनों से चार पहिया वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित है। निर्माण कार्य के लिए सड़क को खोदने और नाली का काम शुरू करने के बाद रास्ता पूरी तरह व्यवस्थित नहीं किया गया। इससे स्थानीय निवासियों के साथ-साथ इस मार्ग से आने-जाने वाले लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है।
लोगों का कहना है कि नाली निर्माण के नाम पर सड़क की स्थिति खराब हो गई है, लेकिन काम पूरा करने की दिशा में अपेक्षित तेजी दिखाई नहीं दे रही है। यदि निर्माण कार्य जल्द पूरा नहीं हुआ तो आने वाले दिनों में लोगों की परेशानी और बढ़ सकती है।
सड़क के बीच विद्युत पोल भी बना समस्या
कॉलोनीवासियों ने सड़क के बीचों-बीच लगे एक विद्युत पोल को हटाने की मांग भी उठाई है। लोगों के अनुसार सड़क के बीच लगा यह पोल आवागमन में बाधा पैदा कर रहा है। नाली निर्माण के साथ यदि सड़क और विद्युत व्यवस्था को भी व्यवस्थित कर दिया जाए तो कॉलोनी के लोगों को काफी राहत मिल सकती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि विकास कार्य केवल शुरू कर देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसे निर्धारित समय में पूरा करना भी जरूरी है। अधूरे निर्माण के कारण जनता को परेशानी हो और आवागमन बाधित हो, तो संबंधित विभाग एवं जिम्मेदार अधिकारियों को इसकी गंभीरता से समीक्षा करनी चाहिए।
नगर पंचायत को दी धरने की चेतावनी
विंध्यवासिनी कॉलोनी के लोगों में अब इस समस्या को लेकर नाराजगी बढ़ती जा रही है। कॉलोनीवासियों ने नगर पंचायत प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि जल्द से जल्द नाली निर्माण, सड़क निर्माण और जलनिकासी की व्यवस्था को सुचारू नहीं किया गया तो वे सामूहिक रूप से नगर पंचायत परिसर में पहुंचकर धरने पर बैठने को मजबूर होंगे।
लोगों ने कहा कि लंबे समय से समस्या झेलने के बावजूद यदि जिम्मेदार अधिकारी तत्काल कार्रवाई नहीं करते हैं, तो आंदोलन के अलावा उनके पास कोई विकल्प नहीं बचेगा। कॉलोनीवासियों ने संभावित धरने और उससे उत्पन्न होने वाली परिस्थितियों के लिए नगर पंचायत तथा संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराया है।
स्थानीय लोगों में बढ़ रहा आक्रोश
विंध्यवासिनी कॉलोनी की समस्या को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। लोगों का कहना है कि यह कोई सुनसान अथवा बाहरी इलाका नहीं है, बल्कि नगर पंचायत के बीच स्थित महत्वपूर्ण कॉलोनी है, जो तीन वार्डों को जोड़ती है। इसके बावजूद यहां मूलभूत सुविधाओं की स्थिति संतोषजनक नहीं है।
कॉलोनीवासियों का आरोप है कि समस्या सामने आने के बावजूद अभी तक जिम्मेदार अधिकारियों की ओर से ऐसा कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है, जिससे उन्हें तत्काल राहत मिल सके। यही वजह है कि लोगों में नाराजगी गहराती जा रही है।
सैकड़ों लोगों ने जल्द निर्माण पूरा कराने की मांग की
विंध्यवासिनी कॉलोनी के वरिष्ठ पत्रकार एवं व्यापार मंडल के पूर्व अध्यक्ष रामदरश गुप्ता, सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य रमाशंकर गुप्ता, कृष्ण जी चौरसिया, राजेश कुमार बरनवाल, मलूक सिंह, कृष्णा जी रौनियार, विनोद रौनियार, विनोद चौरसिया, दीपक बरनवाल, रमेश बरनवाल, पंकज वर्मा, शुभम गुप्ता, सुरेश गुप्ता, राजन गुप्ता, शैलेश गुप्ता, संतोष मद्धेशिया, धर्मनाथ गुप्ता, मनीष गुप्ता, रमेश बरनवाल, राजन मद्धेशिया, राहुल चौरसिया, छोटू गुप्ता सहित सैकड़ों कॉलोनीवासियों ने नाली निर्माण एवं सड़क निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूरा कराने की मांग की है।
स्थानीय लोगों ने नगर पंचायत प्रशासन से मांग की है कि अधूरे नाली निर्माण को तत्काल पूरा कराया जाए, जलजमाव की समस्या दूर की जाए, सड़क को आवागमन योग्य बनाया जाए और सड़क के बीच स्थित विद्युत पोल को हटाने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जाए।
अब जिम्मेदारों की कार्रवाई का इंतजार
विंध्यवासिनी कॉलोनी की मौजूदा स्थिति ने नगर पंचायत की विकास योजनाओं और उनके क्रियान्वयन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि विकास कार्य जनता की सुविधा के लिए होते हैं, लेकिन यदि अधूरे निर्माण के कारण लोगों को जलजमाव, दुर्गंध, मच्छरों और आवागमन की समस्या झेलनी पड़े तो संबंधित जिम्मेदारों को जवाबदेही तय करनी चाहिए।
अब देखना यह है कि नगर पंचायत प्रशासन स्थानीय लोगों की शिकायत को कितनी गंभीरता से लेता है और अधूरे नाली एवं सड़क निर्माण को पूरा कराने के लिए कब तक प्रभावी कदम उठाता है। फिलहाल विंध्यवासिनी कॉलोनी के लोग बदहाल स्थिति से राहत और जिम्मेदारों की त्वरित कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।













